लखनऊ: बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर विश्वविद्यालय (बीबीएयू) में 21 जून को आयोजित होने वाले 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। विश्वविद्यालय में पिछले एक महीने से योग आधारित विभिन्न कार्यक्रमों, कार्यशालाओं, जागरूकता अभियानों और अभ्यास सत्रों का आयोजन किया जा रहा है। इस पूरे अभियान को विश्वविद्यालय परिवार “योग महोत्सव” के रूप में मना रहा है।
कुलपति प्रो. राज कुमार मित्तल के संरक्षण और मार्गदर्शन में योग विभाग तथा योग वेलनेस सेंटर के संयुक्त तत्वावधान में योग दिवस को लेकर व्यापक स्तर पर गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। प्रतिदिन आयोजित होने वाले योग सत्रों में कॉमन योगा प्रोटोकॉल (सीवाईपी) के तहत विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास कराया जा रहा है।
इन सत्रों में विश्वविद्यालय के शिक्षक, कर्मचारी, छात्र-छात्राओं के साथ बड़ी संख्या में योग साधक और साधिकाएं भी उत्साहपूर्वक भाग ले रहे हैं। योग के प्रति बढ़ती रुचि और जागरूकता को देखते हुए इस वर्ष कार्यक्रम को विशेष और भव्य स्वरूप देने की तैयारी की गई है।
21 जून को बिरसा मुंडा प्रेक्षागृह में होगा मुख्य कार्यक्रम
योग विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. दीपेश्वर सिंह ने बताया कि अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस का मुख्य आयोजन 21 जून 2026 को प्रातः 6 बजे विश्वविद्यालय परिसर स्थित बिरसा मुंडा प्रेक्षागृह में किया जाएगा। उन्होंने विश्वविद्यालय परिवार और आमजन से अधिक से अधिक संख्या में कार्यक्रम में शामिल होने की अपील की।
उन्होंने कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम तक सीमित नहीं है, बल्कि यह स्वस्थ, संतुलित और सकारात्मक जीवन जीने की एक वैज्ञानिक जीवनशैली है, जो व्यक्ति के समग्र विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
सामूहिक योगाभ्यास का होगा आयोजन
योग विभाग के सहायक आचार्य डॉ. नरेंद्र सिंह ने बताया कि योग दिवस के अवसर पर सामूहिक रूप से विभिन्न योगासन, प्राणायाम और ध्यान का अभ्यास कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि समाज में योग के प्रति बढ़ती जागरूकता एक सकारात्मक संकेत है और विश्वविद्यालय का उद्देश्य अधिक से अधिक लोगों को योग से जोड़ना है, ताकि स्वस्थ भारत के निर्माण में सार्थक योगदान दिया जा सके।
तनावपूर्ण जीवन में योग है प्रभावी समाधान
योग वेलनेस सेंटर के विशेषज्ञ डॉ. सागर सैनी ने कहा कि आधुनिक जीवनशैली में बढ़ते तनाव और व्यस्तता के बीच योग शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाए रखने का प्रभावी माध्यम बनकर उभरा है। उन्होंने लोगों से योग को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने और योग दिवस कार्यक्रम में बढ़-चढ़कर भाग लेने का आग्रह किया।
विश्वविद्यालय प्रशासन की अपील
विश्वविद्यालय प्रशासन ने विद्यार्थियों, शिक्षकों, कर्मचारियों और आमजन से कार्यक्रम में अधिकाधिक संख्या में शामिल होकर अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को सफल बनाने की अपील की है। प्रशासन का कहना है कि योग के माध्यम से स्वस्थ, जागरूक और समृद्ध समाज के निर्माण की दिशा में यह एक महत्वपूर्ण पहल है।
